निशुल्क कंप्यूटर प्रशिक्षण केंद्र बढ़ाने की कार्ययोजना बनाने के निर्देश,
रुद्रप्रयाग। बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना के तहत उच्च शिक्षा प्राप्त कर रही छात्राओं से जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने शनिवार को जिला कार्यालय सभागार में संवाद किया। महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग की ओर से आयोजित कार्यक्रम में छात्राओं की शैक्षिक एवं करियर संबंधी समस्याओं, भविष्य की योजनाओं और सुझावों पर विस्तार से चर्चा हुई। जिलाधिकारी ने छात्राओं को आत्मविश्वास, व्यक्तित्व विकास, संचार कौशल और तकनीकी दक्षता बढ़ाने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम में जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. अखिलेश मिश्रा ने योजना की जानकारी देते हुए बताया कि बीपीएल परिवारों की पात्र छात्राओं को इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (इग्नू) के माध्यम से विभिन्न पाठ्यक्रमों में उच्च शिक्षा के लिए विभाग की ओर से फीस उपलब्ध कराई जाती है। जनपद में अब तक 67 छात्राएं योजना के माध्यम से विभिन्न पाठ्यक्रम पूर्ण कर चुकी हैं। इनमें पांच ने बीए, एक ने बीएससी, एक ने बीकॉम, एक ने एमए, दो ने एमएसडब्ल्यू तथा दो छात्राओं ने डिप्लोमा पाठ्यक्रम पूर्ण किया है। वर्तमान में 43 छात्राएं अध्ययनरत हैं, जबकि इस वर्ष योजना के तहत 12 आवेदन प्राप्त हुए हैं।
उन्होंने बताया कि योजना का उद्देश्य पात्र बालिकाओं को उच्च शिक्षा के अवसर उपलब्ध कराकर उन्हें आत्मनिर्भर एवं सशक्त बनाना है। ग्रेजुएशन के बाद की शिक्षा के लिए भी स्पॉन्सरशिप के माध्यम से आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराया जाता है।
संवाद के दौरान जिलाधिकारी ने छात्राओं से उनकी पढ़ाई, रुचियों, भविष्य के लक्ष्य और करियर योजनाओं के बारे में जानकारी ली। उन्होंने छात्राओं की जिज्ञासाओं और समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए आवश्यक सुझाव दिए। मनोविज्ञान, समाजशास्त्र सहित विभिन्न विषयों में अध्ययनरत छात्राओं को उनके विषयों से जुड़े संभावित करियर विकल्पों के बारे में भी मार्गदर्शन दिया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि वर्तमान प्रतिस्पर्धी दौर में केवल शैक्षिक योग्यता पर्याप्त नहीं है। सफलता के लिए आत्मविश्वास, बेहतर कम्युनिकेशन स्किल, व्यक्तित्व विकास और तकनीकी दक्षता भी जरूरी है। उन्होंने छात्राओं को स्वस्थ दिनचर्या अपनाने, समय का सदुपयोग करने और पढ़ाई के साथ व्यक्तित्व विकास पर ध्यान देने की सलाह दी।
जिलाधिकारी ने छात्राओं को बेसिक कंप्यूटर ज्ञान हासिल करने पर विशेष जोर देते हुए कहा कि वर्तमान दौर तकनीक और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का है। ऐसे में कंप्यूटर ऑपरेशन, एमएस वर्ड, एक्सेल, पावरप्वाइंट, इंटरनेट और एआई जैसी तकनीकों का ज्ञान छात्राओं के लिए बेहद उपयोगी साबित होगा। छात्राओं ने जनपद में कंप्यूटर प्रशिक्षण केंद्रों की संख्या बढ़ाने का सुझाव दिया। इस पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को छात्राओं के लिए निशुल्क कंप्यूटर प्रशिक्षण की विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए, ताकि शासन को प्रस्ताव भेजकर आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
कार्यक्रम में पुलिस विभाग की ओर से छात्राओं को साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक किया गया। साइबर अपराध, ऑनलाइन फ्रॉड, वर्चुअल एब्यूज और सोशल मीडिया के सुरक्षित इस्तेमाल के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। छात्राओं को साइबर अपराध की स्थिति में तत्काल सहायता के लिए साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 और आपातकालीन सेवा 112 की जानकारी दी गई। साथ ही गौरा शक्ति ऐप के बारे में भी बताया गया। पुलिस अधिकारियों ने छात्राओं से कहा कि साइबर फ्रॉड अथवा ऑनलाइन उत्पीड़न की स्थिति में घबराने के बजाय तत्काल संबंधित हेल्पलाइन अथवा पुलिस को सूचना दें। इस दौरान शिकायत दर्ज कराने और साइबर अपराध के बाद अपनाई जाने वाली कानूनी प्रक्रिया की जानकारी भी दी गई।
जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने कहा कि सरकार बालिकाओं की शिक्षा और उनके बेहतर भविष्य के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। योजना के तहत छात्राओं से संवाद का उद्देश्य उनकी समस्याओं को समझना, उनका मार्गदर्शन करना और उन्हें आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रोत्साहित करना है।
उन्होंने कहा कि संवाद में कंप्यूटर प्रशिक्षण केंद्र बढ़ाने, पाठ्यक्रमों की काउंसलिंग कराने तथा कंप्यूटर ऑपरेशन, वर्ड, एक्सेल, पावरप्वाइंट और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का प्रशिक्षण उपलब्ध कराने जैसे महत्वपूर्ण सुझाव सामने आए हैं। प्रशासन इन सुझावों को प्राथमिकता से लेते हुए छात्राओं के बेहतर भविष्य के लिए आवश्यक कदम उठाएगा। उन्होंने कहा कि इस तरह के काउंसलिंग और संवाद कार्यक्रम आगे भी आयोजित किए जाएंगे।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी राजेंद्र सिंह रावत, पुलिस उपाधीक्षक विकास पुंडीर, जिला विकास अधिकारी मनविंदर कौर, जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. अखिलेश मिश्रा, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. पायल गोयल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और योजना से लाभान्वित छात्राएं सलोनी, सोनाली, प्रिया, सृष्टि, राधिका पंवार, सिमरन, ज्योति सहित अन्य छात्राएं मौजूद रहीं।

