Apr 30, 2026

रुद्रप्रयाग में ‘न्याय रथ’ की शुरुआत, अब गांव-गांव पहुंचेगी निःशुल्क विधिक सहायता

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रुद्रप्रयाग। न्याय को आमजन के द्वार तक पहुंचाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रुद्रप्रयाग को निःशुल्क विधिक सेवा वाहन ‘न्याय रथ’ प्राप्त हुआ है। यह पहल उत्तराखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण नैनीताल के सहयोग से शुरू की गई है, जिसे न्याय तक समान पहुंच सुनिश्चित करने की दिशा में मील का पत्थर माना जा रहा है।

गुरुवार को आयोजित कार्यक्रम में जनपद न्यायाधीश एवं प्राधिकरण की अध्यक्ष नीना अग्रवाल ने विधिवत पूजा-अर्चना के बाद ‘न्याय रथ’ का निरीक्षण किया और हरी झंडी दिखाकर इसे रवाना किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि यह रथ दूरस्थ और वंचित क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के लिए न्याय सेवाओं का सशक्त माध्यम बनेगा, जिससे उन्हें बिना किसी बाधा के विधिक सहायता उपलब्ध हो सकेगी।

उन्होंने बताया कि ‘न्याय रथ’ के जरिए न केवल निःशुल्क विधिक परामर्श दिया जाएगा, बल्कि लोगों को उनके अधिकारों, सरकारी योजनाओं और विभिन्न कानूनी प्रावधानों के प्रति भी जागरूक किया जाएगा। इससे समाज के कमजोर और जरूरतमंद वर्गों को सशक्त बनाने में मदद मिलेगी। कार्यक्रम में सचिव पायल सिंह, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट अशोक कुमार सैनी, न्यायिक मजिस्ट्रेट सिद्धार्थ कुमार, सिविल जज (सीनियर डिवीजन) अमित कुमार एवं सिविल जज (जूनियर डिवीजन) विकास कुमार सहित अन्य न्यायिक अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।

‘न्याय चला निर्धन के द्वार’ थीम पर आधारित यह ‘न्याय रथ’ जिले के दूर-दराज गांवों में जाकर लोगों को निःशुल्क विधिक सहायता, परामर्श, जागरूकता अभियान और आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान करेगा। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने इस महत्वपूर्ण पहल के लिए उत्तराखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, नैनीताल का आभार व्यक्त किया है। यह प्रयास न केवल न्याय व्यवस्था को अधिक सुलभ बनाएगा, बल्कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक न्याय की पहुंच सुनिश्चित करने में भी अहम भूमिका निभाएगा।