Jun 12, 2026

प्रभारी मंत्री गणेश जोशी ने की केदारनाथ यात्रा एवं मानसून तैयारियों की समीक्षा, सुरक्षा और आपदा प्रबंधन को बताया सर्वोच्च प्राथमिकता

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रुद्रप्रयाग। प्रदेश के कृषि एवं कृषक कल्याण तथा सैनिक कल्याण मंत्री एवं जनपद प्रभारी मंत्री गणेश जोशी ने शुक्रवार को रुद्रप्रयाग पहुंचकर केदारनाथ यात्रा व्यवस्थाओं और आगामी मानसून सीजन के मद्देनजर आपदा प्रबंधन तैयारियों की व्यापक समीक्षा की। जिला कार्यालय सभागार में आयोजित बैठक में उन्होंने विभिन्न विभागों के अधिकारियों से यात्रा संचालन, श्रद्धालुओं को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं तथा संभावित चुनौतियों की जानकारी लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

बैठक में जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने बताया कि यात्रा प्रारंभ होने के बाद से अब तक 12 लाख से अधिक श्रद्धालु बाबा केदार के दर्शन कर चुके हैं। इस दौरान 1.80 लाख से अधिक श्रद्धालुओं को चिकित्सा सुविधाएं प्रदान की गईं, जबकि 83 गंभीर मरीजों का सफल हेली रेस्क्यू कर उच्च चिकित्सा केंद्रों तक पहुंचाया गया।

उन्होंने बताया कि यात्रा कंट्रोल रूम के माध्यम से 24 घंटे निगरानी की जा रही है तथा स्वास्थ्य, विद्युत, पेयजल, परिवहन, सुरक्षा और आपदा प्रबंधन से जुड़ी सभी व्यवस्थाएं सुचारू रूप से संचालित की जा रही हैं। यात्रा मार्ग पर गैस सिलेंडर एवं ईंधन की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की गई है। सभी अस्पताल, स्वास्थ्य केंद्र और मेडिकल रिलीफ पोस्ट सक्रिय हैं तथा म्यूल टास्क फोर्स लगातार कार्यरत है।

जिलाधिकारी ने जानकारी दी कि आठ हजार से अधिक घोड़ा-खच्चरों का पंजीकरण और बीमा किया जा चुका है। मानकों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ ब्लैकलिस्टिंग की कार्रवाई की जा रही है। पशु चिकित्सालयों में नियमित स्वास्थ्य परीक्षण और रेंडम जांच कराई जा रही है तथा पशु क्रूरता के मामलों में एफआईआर भी दर्ज की गई है।

प्रभारी मंत्री ने यात्रा मार्ग पर स्थापित शौचालयों, पेयजल व्यवस्था, विद्युत आपूर्ति, सोलर एवं स्ट्रीट लाइट, शटल सेवा तथा अन्य मूलभूत सुविधाओं की समीक्षा करते हुए शौचालयों की स्वच्छता बनाए रखने, पर्याप्त सफाई कर्मियों की तैनाती और नियमित निरीक्षण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि स्थानीय लोगों की अधिकाधिक भागीदारी से यात्रा संचालन और अधिक प्रभावी एवं व्यवस्थित बनाया जा सकता है। साथ ही मानसून के दौरान संभावित आपदाओं से निपटने के लिए सभी विभागों को पूरी तैयारी रखने के निर्देश दिए। संवेदनशील स्थलों पर जेसीबी सहित आवश्यक मशीनरी अग्रिम रूप से तैनात करने को कहा गया ताकि किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई की जा सके।

बैठक में ट्रैफिक प्रबंधन, पार्किंग व्यवस्था, यात्रा रूट प्लान और आपातकालीन सेवाओं की भी समीक्षा की गई। प्रभारी मंत्री ने सोनप्रयाग सहित प्रमुख यात्रा पड़ावों पर भीड़ प्रबंधन को और अधिक प्रभावी बनाने तथा कंट्रोल रूम और प्रमुख स्थलों से नियमित अनाउंसमेंट के माध्यम से श्रद्धालुओं को आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

भ्रामक सूचनाओं और अफवाहों पर चिंता व्यक्त करते हुए उन्होंने सोशल मीडिया सहित अन्य माध्यमों पर प्रसारित होने वाली गलत खबरों की नियमित मॉनिटरिंग करने तथा तत्काल तथ्यात्मक जानकारी जारी कर उनका खंडन करने के निर्देश दिए। साथ ही भ्रम फैलाने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा।

उन्होंने कहा कि खराब मौसम की स्थिति में यदि श्रद्धालुओं को होल्डिंग क्षेत्रों में रोका जाता है तो वहां पेयजल, शौचालय, प्रकाश व्यवस्था, चिकित्सा सुविधा और अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी तरह उपलब्ध होनी चाहिए।

प्रभारी मंत्री ने कहा कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और प्रत्येक श्रद्धालु को सुरक्षित, सुगम एवं व्यवस्थित यात्रा अनुभव प्रदान करना सरकार की जिम्मेदारी है। उन्होंने वर्षाकाल में विशेष सतर्कता, सेवा भाव और बेहतर समन्वय के साथ कार्य करने का आह्वान किया।

यात्रा व्यवस्थाओं पर संतोष व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि इस वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं का चारधाम यात्रा पर आगमन हो रहा है, जो लोगों की अटूट आस्था का प्रतीक है। सरकार और प्रशासन का प्रयास है कि प्रत्येक श्रद्धालु यहां से सकारात्मक अनुभव लेकर लौटे तथा उन्हें सड़क, स्वच्छता, पेयजल और अन्य आवश्यक सुविधाएं सहजता से उपलब्ध हों।

उन्होंने केदारनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग को बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग से जोड़ने वाले निर्माणाधीन पुल का भी निरीक्षण किया और कहा कि इसके पूर्ण होने पर श्रद्धालुओं के आवागमन में सुविधा बढ़ेगी तथा जाम की समस्या से राहत मिलेगी। साथ ही उन्होंने त्रियुगीनारायण और तुंगनाथ जैसे प्रमुख धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों के समग्र विकास, पार्किंग सुविधाओं के विस्तार तथा आगामी 30 वर्षों की जरूरतों को ध्यान में रखकर विकास योजनाएं तैयार करने के निर्देश दिए।

बैठक के उपरांत प्रभारी मंत्री ने जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र का निरीक्षण कर यात्रा कंट्रोल रूम की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार ने उन्हें बताया कि मौसम पूर्वानुमान के आधार पर समय-समय पर अलर्ट जारी किए जा रहे हैं तथा सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से यात्रा मार्ग और प्रमुख पड़ावों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है, जिससे श्रद्धालुओं की सुरक्षा और यात्रा संचालन को बेहतर बनाया जा सके।

इस अवसर पर विधायक आशा नौटियाल, जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम कठैत, पुलिस अधीक्षक नीहारिका तोमर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।