अनुबंध प्रक्रिया शीघ्र पूरी कर समयबद्ध निर्माण सुनिश्चित करने के निर्देश, पूर्व में बने भवनों की कमियों का भी होगा सर्वे और समाधान,
रुद्रप्रयाग। केदारनाथ धाम मास्टर प्लान के तहत तीर्थ पुरोहितों के भवनों के पुनर्निर्माण की प्रक्रिया अब तेज होने जा रही है। जिलाधिकारी विशाल मिश्रा के निर्देश पर शुक्रवार को ऊखीमठ तहसील सभागार में अपर जिलाधिकारी श्याम सिंह राणा की अध्यक्षता में महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें तीर्थ पुरोहितों के भवनों के हस्तांतरण, अनुबंध गठन और नए भवनों के निर्माण को लेकर विस्तृत मंथन किया गया।
बैठक में स्पष्ट किया गया कि मास्टर प्लान के तहत पुराने भवनों के स्थान पर आधुनिक, सुरक्षित एवं सभी आवश्यक सुविधाओं से युक्त नए भवन बनाए जाएंगे। इसके लिए शेष भवनों के हस्तांतरण और अनुबंध प्रक्रिया को जल्द से जल्द पूरा करने पर विशेष जोर दिया गया, ताकि निर्माण कार्य में किसी प्रकार की देरी न हो।
अपर जिलाधिकारी श्याम सिंह राणा ने संबंधित कार्यदायी संस्था को निर्देश दिए कि अनुबंध प्रक्रिया पूरी होते ही निर्माण कार्य तत्काल शुरू किया जाए और निर्धारित समयसीमा के भीतर भवनों का निर्माण पूर्ण कर तीर्थ पुरोहितों को हस्तांतरित किया जाए। उन्होंने कहा कि केदारनाथ मास्टर प्लान के सभी कार्य गुणवत्ता के साथ समयबद्ध तरीके से पूरे किए जाएं, जिससे धाम में श्रद्धालुओं और स्थानीय हितधारकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।
बैठक के दौरान तीर्थ पुरोहितों ने मास्टर प्लान के तहत पूर्व में निर्मित भवनों में आ रही विभिन्न तकनीकी एवं निर्माण संबंधी समस्याओं को भी प्रमुखता से उठाया। इस पर अपर जिलाधिकारी ने संबंधित कार्यदायी संस्था को तत्काल सभी भवनों का विस्तृत सर्वेक्षण कर कमियों का शीघ्र समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने अधिकारियों को मास्टर प्लान के सभी विकास कार्यों की नियमित समीक्षा कर अपेक्षित गति बनाए रखने के निर्देश भी दिए।
बैठक में ब्लॉक प्रमुख ऊखीमठ पंकज शुक्ला, उप जिलाधिकारी अनिल रावत, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग गुप्तकाशी, तहसीलदार निशांत कम्बोज, संबंधित विभागों के अधिकारी तथा श्री केदारनाथ धाम के तीर्थ पुरोहित उपस्थित रहे।