Aug 10, 2026

जन संवाद में गूंजा ग्रामीणों का दर्द, 39 शिकायतें पहुंचीं डीएम के दरबार

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15 शिकायतों का मौके पर निस्तारण, सड़क, पुल, नेटवर्क, पेयजल और भूस्खलन से जुड़ी समस्याओं पर डीएम ने दिए त्वरित कार्रवाई के निर्देश,

 

रुद्रप्रयाग। गांवों में बदहाल सड़कें, क्षतिग्रस्त पुल, मोबाइल नेटवर्क का संकट, पेयजल की समस्या और भूस्खलन से मकानों पर मंडराता खतरा। सोमवार को जिला कार्यालय सभागार में आयोजित जन संवाद में ग्रामीणों ने अपनी समस्याओं का पूरा ब्यौरा जिलाधिकारी विशाल मिश्रा के सामने रखा। विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 39 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें से 15 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण किया गया। शेष शिकायतों को संबंधित विभागों को भेजते हुए जिलाधिकारी ने प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र समाधान के निर्देश दिए।

 

मुख्यमंत्री के निर्देशों के क्रम में प्रत्येक सोमवार आयोजित हो रहे जन संवाद में ग्रामीण क्षेत्रों से पहुंचे लोगों ने अपनी समस्याएं खुलकर रखीं। ज्येष्ठ प्रमुख जखोली नवीन सेमवाल ने उच्छोला, मथ्यागांव, भुनालगांव, बक्सीर, डांगी और खोड़ समेत कई गांवों में मोबाइल नेटवर्क नहीं होने का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि नेटवर्क की समस्या के कारण ऑनलाइन प्रक्रिया प्रभावित हो रही है। उन्होंने जी राम जी योजना के तहत ऑनलाइन प्रक्रिया संभव होने तक विकास कार्यों के लिए ऑफलाइन स्वीकृति देने की मांग की, जिससे विकास कार्य समय पर पूरे हो सकें।

उच्छोला प्रधान चंडी कुमार ने छेनागाड़-उच्छोला मोटर मार्ग पर सुरक्षा दीवार निर्माण, मार्ग को यातायात के लिए सुचारु करने, क्षतिग्रस्त पैदल पुल और पैदल मार्ग के पुनर्निर्माण के साथ सिंचाई गूल के निर्माण की मांग रखी। जवाड़ी निवासी देवी प्रसाद नौटियाल ने भूस्खलन के कारण अपने आवासीय भवन पर मंडरा रहे खतरे की शिकायत की। उन्होंने सुरक्षा दीवार निर्माण के साथ पेयजल समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग की।

उच्छोला निवासी ईश्वर सिंह ने वर्ष 2013 की आपदा का हवाला देते हुए गाड़ नामी तोक जंदरवाड़ी में क्षतिग्रस्त पुल के पुनर्निर्माण की मांग उठाई। महिला मंगल दल क्यूड़ी की अध्यक्ष आशा देवी ने जंगली जानवरों से फसलों को हो रहे नुकसान का मामला उठाते हुए वन विभाग से प्रभावी कार्रवाई की मांग की।

क्यूड़ी निवासी अनुज सिंह ने आधार कार्ड नहीं बनने की समस्या बताई। सुमाड़ी निवासी लक्ष्मी प्रसाद डिमरी ने रतनपुर-स्वीली-जवाड़ी-चौरास मोटर मार्ग की खराब स्थिति और यातायात बाधित होने का मुद्दा उठाया। वहीं पौंठी हिउना निवासी सुरेश थपलियाल ने भारी बारिश के कारण आवासीय भवनों पर मंडरा रहे खतरे से प्रशासन को अवगत कराया। जन संवाद में इस तरह सड़क, पुल, पेयजल, सिंचाई, नेटवर्क, वन्यजीवों से फसल सुरक्षा, आधार कार्ड और आपदा से जुड़ी कुल 39 शिकायतें सामने आईं।

शिकायतों को गंभीरता से सुनने के बाद जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जन संवाद में प्राप्त शिकायतों का समयबद्ध तरीके से निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार प्रत्येक सोमवार जनसुनवाई आयोजित की जा रही है, जिसका उद्देश्य आमजन की समस्याओं का त्वरित समाधान करना है। उन्होंने बताया कि कुछ शिकायतें नीतिगत हैं, जबकि कुछ मांग आधारित हैं। सभी मामलों में संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।

बैठक में सीएम पोर्टल पर लंबित शिकायतों की भी समीक्षा की गई। वर्तमान में एल-1 स्तर पर 128 और एल-2 स्तर पर 25 शिकायतें निस्तारण के लिए लंबित पाई गईं। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को लंबित शिकायतों का शीघ्र निस्तारण करने तथा शिकायतों को अनावश्यक रूप से लंबित न रखने के निर्देश दिए।

इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी श्याम सिंह राणा, जिला विकास अधिकारी मनविंदर कौर, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. पारूल गोयल, उप जिलाधिकारी रुद्रप्रयाग सोहन सिंह सैनी, उप जिलाधिकारी ऊखीमठ अनिल रावत, उप प्रभागीय वनाधिकारी दिवाकर पंत, जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. अखिलेश मिश्रा, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी संदीप भट्ट, अधिशासी अभियंता सिंचाई ओम जी गुप्ता, पीएमजीएसवाई पवन कुमार, प्रभारी शिकायत प्रकोष्ठ विनोद कुमार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं शिकायतकर्ता मौजूद रहे।