रुद्रप्रयाग। जिला चिकित्सालय में डिजिटल इंडिया अभियान के तहत ओपीडी पंजीकरण के लिए लगाए गए सूचना बोर्ड पर QR कोड स्कैन कर रजिस्ट्रेशन कराने का दावा किया गया है, लेकिन मौके पर QR कोड ही नहीं होने से व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं। इस मामले को लेकर युवा नेता मोहित डिमरी ने स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन पर सरकारी धन के दुरुपयोग का आरोप लगाया है।
मोहित डिमरी ने कहा कि सरकार एक ओर स्वास्थ्य सेवाओं को डिजिटल बनाने और मरीजों को ऑनलाइन सुविधाएं उपलब्ध कराने का दावा कर रही है, वहीं दूसरी ओर जिला अस्पताल में लगाए गए बोर्ड पर जिस QR कोड के माध्यम से पंजीकरण कराने की बात लिखी गई है, वह मौजूद ही नहीं है। ऐसे में यह केवल दिखावटी प्रचार बनकर रह गया है।
उन्होंने कहा कि यदि डिजिटल सुविधा उपलब्ध नहीं है तो इस प्रकार के बोर्ड लगाने पर सरकारी धन खर्च करना उचित नहीं है। इससे न केवल मरीज भ्रमित हो रहे हैं, बल्कि सरकारी योजनाओं की विश्वसनीयता पर भी सवाल उठ रहे हैं।
मोहित डिमरी ने मांग की कि इस मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और यह स्पष्ट किया जाए कि बिना QR कोड के ऐसे बोर्ड किसके निर्देश पर लगाए गए। साथ ही जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए तथा जिला अस्पताल में डिजिटल पंजीकरण की वास्तविक व्यवस्था जल्द शुरू की जाए, ताकि मरीजों को सुविधाओं का लाभ मिल सके।