Aug 24, 2026

हरिद्वार: कंगना रनौत के बयान पर बाबा रामदेव का पलटवार, बोले-मैं ओछे लोगों पर कोई टिप्पणी नहीं करना चाहता

post-img

हरिद्वार। बॉलीवुड अभिनेत्री और सांसद कंगना रनौत और योग गुरु स्वामी रामदेव के बीच चल रही जुबानी जंग एक बार फिर गर्मा गई है। हरिद्वार में मीडियाकर्मियों के सवालों का जवाब देते हुए स्वामी रामदेव ने बिना नाम लिए कंगना पर तीखा पलटवार किया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि वह किसी भी तरह के विवाद को बढ़ावा नहीं देना चाहते और ऐसे ओछे बयानों पर प्रतिक्रिया देकर अपना समय व्यर्थ नहीं करना चाहते।

संवाददाताओं से बातचीत करते हुए स्वामी रामदेव ने संयमित लेकिन कड़े शब्दों में कहा, "देखिए, जिन लोगों के बारे में आप पूछ रहे हैं... अभी मैं क्या ही बोलूं। मैं इस विवाद को बिल्कुल भी बढ़ावा नहीं देना चाहता। स्वामी रामदेव क्या हैं और इस देश के लिए स्वामी रामदेव का क्या योगदान रहा है, यह पूरा देश अच्छी तरह जानता है। इसीलिए मैं ऐसे ओछे लोगों के बारे में कोई टिप्पणी नहीं करना चाहता। गौरतलब है कि इस विवाद की शुरुआत कुछ दिनों पहले हुई थी, जब बाबा रामदेव ने सरकारी नौकरी के इंटरव्यू में होने वाली कथित गड़बड़ियों और धांधलियों पर सवाल उठाए थे। रामदेव ने इस व्यवस्था में सुधार न होने पर आंदोलन करने तक की चेतावनी दे डाली थी। बाबा रामदेव के इस आंदोलन वाले बयान पर अभिनेत्री कंगना रनौत ने सोशल मीडिया के जरिए तंज कसा था, जिसके बाद से ही दोनों के बीच जुबानी तीर चल रहे हैं। इस दौरान योग गुरु स्वामी रामदेव ने देश के महत्वपूर्ण राजनीतिक और प्रशासनिक सुधार 'वन नेशन वन इलेक्शन' (एक राष्ट्र, एक चुनाव) का पुरजोर समर्थन किया। उन्होंने कहा कि देश में एक साथ चुनाव लागू होने से शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी विकास के क्षेत्र में बहुत बड़ा और सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेगा। रामदेव ने तर्क दिया कि बार-बार चुनाव होने के कारण साल के कई महीने केवल चुनावी प्रक्रिया और आचार संहिता में निकल जाते हैं। इसके अलावा, अध्यापकों और अन्य सरकारी कर्मचारियों की लगातार चुनावी ड्यूटी लगने से बच्चों की पढ़ाई और विकास कार्य सीधे तौर पर प्रभावित होते हैं। यदि पूरे देश में एक साथ चुनाव संपन्न कराए जाएं, तो शिक्षक बच्चों के अध्यापन पर अधिक समय दे सकेंगे और सरकारें भी अपना ध्यान पूरी तरह से जनकल्याणकारी विकास कार्यों पर केंद्रित रख सकेंगी।