Feb 23, 2026

पठाली में भालू का खूनी हमलाः मौत से भिड़ गई रामेश्वरी देवी, दरांती के वार से भगाया भालू

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रुद्रप्रयाग। तहसील ऊखीमठ के अंतर्गत ग्राम पठाली में भालू के एक और खूनी हमले ने पूरे क्षेत्र में दहशत फैला दी है। जंगल में घास लेने गई 55 वर्षीय महिला रामेश्वरी देवी पर भालू ने जानलेवा हमला कर दिया। महिला ने मौत को सामने देख अदम्य साहस का परिचय दिया और हाथ में पकड़ी दरांती से भालू पर जवाबी वार कर अपनी जान बचाई। हालांकि, इस संघर्ष में महिला गंभीर रूप से घायल हो गई हैं, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल रुद्रप्रयाग रेफर किया गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, रविवार सुबह लगभग 11 बजे पठाली निवासी रामेश्वरी देवी पत्नी मनबर सिंह ’रेठी सुबदा तोक’ में घास काट रही थीं। इसी दौरान घात लगाकर बैठे भालू ने उन पर पीछे से झपट्टा मार दिया। महिला संभल पातीं, उससे पहले ही भालू ने उनके चेहरे और सिर को निशाना बनाया। संघर्ष के दौरान महिला खेत से नीचे गिर गईं, लेकिन उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और दरांती से भालू पर प्रहार जारी रखे। उनके शोर मचाने पर पास के खेतों में काम कर रहे ग्रामीण मौके पर दौड़े, जिन्हें देख भालू जंगल की ओर भागा। लहूलुहान हालत में ग्रामीणों ने रामेश्वरी देवी को तत्काल प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ऊखीमठ पहुंचाया। डॉक्टरों के अनुसार, महिला के सिर, चेहरे और शरीर पर गहरे घाव हैं। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी नाजुक स्थिति को देखते हुए उन्हें जिला चिकित्सालय रुद्रप्रयाग रेफर कर दिया गया है। परिजनों और ग्रामीणों में इस घटना को लेकर गहरा डर व्याप्त है।

वन विभाग की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल
रुद्रप्रयाग। घटना के बाद ऊखीमठ क्षेत्र के ग्रामीणों ने वन विभाग के खिलाफ तीखा रोष व्यक्त किया। ग्रामीणों का आरोप है कि पिछले कुछ महीनों में जनपद में भालू के दर्जनों हमले हो चुके हैं, लेकिन विभाग की ओर से सुरक्षा के कोई ठोस उपाय नहीं किए जा रहे हैं। संवेदनशील क्षेत्रों में न तो पिंजरे लगाए गए हैं और न ही गश्त बढ़ाई गई है।

बढ़ता मानव-वन्यजीव संघर्ष
रुद्रप्रयाग। वन्यजीव विशेषज्ञों का कहना है कि पहाड़ों में मानवीय घुसपैठ और जंगलों में भोजन की कमी के कारण भालू अब आबादी वाले क्षेत्रों का रुख कर रहे हैं। पठाली की इस घटना ने एक बार फिर प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए, तो जनहानि का आंकड़ा बढ़ सकता है।

उपचार के बाद महिला को घर भेजा
रुद्रप्रयाग। डीएफओ रजत सुमन ने बताया कि महिला के दाएं हाथ पर डॉक्टरों ने छह टांके लगाए हैं और उपचार के बाद उन्हें घर भेज दिया गया है। सुरक्षा के मद्देनजर गांव में वन विभाग की गश्त टीम तैनात कर दी गई है, जो लगातार वन्यजीव की गतिविधियों पर नजर रख रही है।