स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को लेकर उठी आवाज, महानिदेशालय ने दिए कार्रवाई के निर्देश,

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जखोली स्वास्थ्य केंद्र व आवासीय भवनों की जर्जर स्थिति का होगा स्थलीय निरीक्षण, आख्या और प्रस्ताव मांगा,

 

रुद्रप्रयाग। जनपद में स्वास्थ्य सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण और जर्जर स्वास्थ्य भवनों की समस्याओं के समाधान को लेकर पूर्व विधायक प्रत्याशी मोहित डिमरी द्वारा उठाई गई मांग का स्वास्थ्य महानिदेशालय ने संज्ञान लिया है। महानिदेशालय ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी, रुद्रप्रयाग को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश देते हुए संबंधित प्रकरण में स्थलीय निरीक्षण कर आख्या एवं आवश्यक प्रस्ताव उपलब्ध कराने को कहा है।

मोहित डिमरी ने 17 अगस्त 2026 को महानिदेशक, चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, उत्तराखंड को पत्र भेजकर जिला चिकित्सालय सहित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में व्याप्त विभिन्न समस्याओं के समाधान की मांग उठाई थी। पत्र में विशेष रूप से जखोली सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और वहां स्थित आवासीय भवनों की जर्जर स्थिति का मामला प्रमुखता से उठाया गया था।

 

उन्होंने पत्र में कहा था कि बरसात के दौरान जर्जर भवनों में पानी टपकने सहित कई समस्याएं सामने आती हैं, जिससे मरीजों, स्वास्थ्य कर्मचारियों और भवनों में रहने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। उन्होंने भवनों का तकनीकी निरीक्षण कर उनकी वास्तविक स्थिति का आकलन करने तथा आवश्यकता के अनुसार आधुनिक सुविधाओं से युक्त नए भवनों के निर्माण की मांग की थी।

मामले का संज्ञान लेते हुए स्वास्थ्य महानिदेशालय ने सीएमओ रुद्रप्रयाग को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। साथ ही विभागीय निर्माण शाखा के अधिकारियों से संबंधित भवनों का स्थलीय निरीक्षण करवाकर निरीक्षण आख्या प्रस्तुत करने तथा आवश्यकतानुसार प्रस्ताव उपलब्ध कराने को कहा गया है।

 

महानिदेशालय की ओर से कार्रवाई के निर्देश मिलने पर मोहित डिमरी ने इसका स्वागत किया। उन्होंने कहा कि जनपद की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं से जुड़े मुद्दों को लगातार मजबूती से उठाना उनकी प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि मामला केवल पत्राचार तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि जर्जर स्वास्थ्य भवनों की समस्या का धरातल पर स्थायी समाधान होना जरूरी है।

 

उन्होंने कहा कि रुद्रप्रयाग की जनता को बेहतर और सुरक्षित स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार की जिम्मेदारी है। जिला चिकित्सालय से लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों तक जहां भी चिकित्सकों, भवनों, उपकरणों अथवा अन्य आवश्यक सुविधाओं की कमी है, उसे प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जाना चाहिए।

मोहित डिमरी ने कहा कि जनता के स्वास्थ्य से जुड़े मुद्दों को लेकर उनका संघर्ष और प्रयास आगे भी जारी रहेगा।