देहरादून। भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने उत्तराखंड में वर्ष 2027 के विधानसभा चुनावों की बिसात बिछाना अभी से शुरू कर दिया है। संगठन को धरातल पर और अधिक मजबूत करने तथा चुनावी अभियानों को गति देने के लिए पार्टी ने ‘विस्तारक योजना’ के तहत प्रदेश स्तरीय संयोजकों और सह संयोजकों की नई टोली की आधिकारिक घोषणा कर दी है।
उत्तराखंड में वर्ष 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने संगठनात्मक तैयारियां तेज कर दी हैं। चुनावी रणनीति के तहत पार्टी ने प्रदेश स्तरीय विस्तारक टोली का गठन करते हुए संयोजक और सह संयोजकों की जिम्मेदारियां तय कर दी हैं। इस टोली का उद्देश्य विस्तारक योजना का समन्वय करना और पूर्णकालिक कार्यकर्ताओं के माध्यम से संगठन की गतिविधियों को प्रदेशभर में प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाना है। भाजपा प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर सिंह चौहान ने बताया कि प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट की सहमति से प्रदेश महामंत्री की ओर से विधानसभा चुनाव 2027 की विस्तारक योजना के लिए पदाधिकारियों के नामों की सूची जारी की गई है। पार्टी नेतृत्व ने इस जिम्मेदारी के लिए प्रदेश स्तर पर पदाधिकारियों को नियुक्त किया है, जो चुनाव समाप्त होने तक योजना के संचालन और समन्वय में अहम भूमिका निभाएंगे। भाजपा की ओर से जारी सूची के अनुसार, प्रदेश मंत्री नलिन भट्ट को विस्तारक योजना का प्रदेश संयोजक बनाया गया है। वहीं, दिनेश खुल्बे, अखिलेश डबराल, विक्रम कंडारी, त्रिलोक सिंह बुटोला और मोहित कौशिक को सह संयोजक की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इन पदाधिकारियों के सामने प्रदेशभर में विस्तारक योजना के कार्यों को व्यवस्थित करने और पूर्णकालिक कार्यकर्ताओं के बीच समन्वय स्थापित करने की जिम्मेदारी होगी। पार्टी की योजना है कि संगठनात्मक गतिविधियों को विधानसभा स्तर तक पहुंचाकर चुनाव से पहले कार्यकर्ताओं की सक्रियता और आपसी तालमेल को मजबूत किया जाए। भाजपा की यह प्रदेश स्तरीय टोली सभी 70 पूर्णकालिक कार्यकर्ताओं के माध्यम से विस्तारक योजना को सफल बनाने में भूमिका निभाएगी। उत्तराखंड में 70 विधानसभा सीटें हैं। ऐसे में चुनाव से पहले संगठनात्मक ढांचे को मजबूत करना और विभिन्न क्षेत्रों में पार्टी की गतिविधियों का समन्वय करना इस योजना का प्रमुख हिस्सा रहेगा। पूर्णकालिक कार्यकर्ताओं के माध्यम से संगठन की स्थिति, स्थानीय स्तर पर गतिविधियों और कार्यकर्ताओं के बीच संवाद को बेहतर बनाने पर जोर दिया जा सकता है। हालांकि, विस्तारक योजना के तहत क्षेत्रवार जिम्मेदारियों और आगामी कार्यक्रमों का विस्तृत ब्योरा अभी सामने नहीं आया है। विधानसभा चुनाव 2027 को ध्यान में रखते हुए भाजपा का यह कदम संगठनात्मक तैयारियों के लिहाज से महत्वपूर्ण है। प्रदेश स्तर पर संयोजक और सह संयोजकों की नियुक्ति से विस्तारक योजना के संचालन को दिशा देने और कार्यकर्ताओं के बीच जिम्मेदारियां स्पष्ट करने में मदद मिलने की उम्मीद है। अब इस टोली की भूमिका इस बात से भी तय होगी कि वह प्रदेश के सभी विधानसभा क्षेत्रों में पूर्णकालिक कार्यकर्ताओं के साथ किस तरह समन्वय स्थापित करती है। आने वाले समय में विस्तारक योजना के तहत होने वाली गतिविधियां उत्तराखंड में भाजपा की चुनावी तैयारियों का महत्वपूर्ण हिस्सा रहेंगी।

