Jul 09, 2026

रुद्रप्रयाग में 1 अगस्त से चलेगा 'स्टॉप डायरिया अभियान', 127 चिकित्सा इकाइयों में बनेंगे निःशुल्क जिंक-ओआरएस कॉर्नर

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जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने तैयारियों की समीक्षा कर दिए आवश्यक निर्देश, आशा-एएनएम घर-घर जाकर करेंगी बच्चों की स्वास्थ्य निगरानी

रुद्रप्रयाग। जनपद में शिशु मृत्यु दर में कमी लाने तथा डायरिया की रोकथाम के उद्देश्य से राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत 1 अगस्त से 30 सितंबर 2026 तक चलाए जाने वाले 'स्टॉप डायरिया अभियान' की तैयारियों को लेकर जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने बुधवार को एनआईसी सभागार में संबंधित विभागों की समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ अभियान को प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए।

 

जिलाधिकारी ने जल संस्थान, पेयजल निगम एवं अन्य संबंधित विभागों को जनपद के सभी सार्वजनिक पेयजल टैंकों की नियमित सफाई सुनिश्चित करने तथा इसकी दैनिक रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। वहीं शिक्षा विभाग को विद्यालयों में प्रतिदिन बच्चों को हैंडवॉश प्रैक्टिस कराने और डायरिया की रोकथाम संबंधी जागरूकता गतिविधियां संचालित करने को कहा। बाल विकास विभाग को अभिभावकों को डायरिया से बचाव के प्रति जागरूक करने तथा लक्षण मिलने पर स्वास्थ्य विभाग से समन्वय स्थापित कर समय पर उपचार सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए गए।

 

बैठक में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राम प्रकाश ने बताया कि अभियान के तहत जनपद की 127 चिकित्सा इकाइयों में निःशुल्क जिंक-ओआरएस कॉर्नर स्थापित किए जाएंगे, जहां जरूरतमंद बच्चों को जिंक टैबलेट एवं ओआरएस के पैकेट निःशुल्क उपलब्ध कराए जाएंगे।

 

उन्होंने बताया कि अभियान के दौरान आशा एवं एएनएम कार्यकर्ता पांच वर्ष से कम आयु के बच्चों वाले प्रत्येक घर का भ्रमण करेंगी। इस दौरान प्रत्येक परिवार को ओआरएस पैकेट वितरित किए जाएंगे, अभिभावकों को डायरिया के लक्षण, बचाव एवं उपचार की जानकारी दी जाएगी तथा ओआरएस घोल तैयार करने की सही विधि भी सिखाई जाएगी। यदि किसी बच्चे में डायरिया के लक्षण पाए जाते हैं तो उसे तत्काल निकटतम स्वास्थ्य केंद्र रेफर किया जाएगा।

 

सीएमओ ने बताया कि आशा कार्यकर्ता बच्चों को निःशुल्क जिंक टैबलेट उपलब्ध कराने के साथ-साथ माताओं को स्वच्छता, सुरक्षित पेयजल, हाथ धोने की आदत तथा स्तनपान के महत्व के प्रति भी जागरूक करेंगी। इसके अतिरिक्त राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरबीएसके) की सभी टीमें अपने भ्रमण वाले विद्यालयों एवं आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों को हैंडवॉश प्रैक्टिस कराएंगी तथा डायरिया से बचाव एवं रोकथाम संबंधी जानकारी देंगी।

 

बैठक में मुख्य शिक्षा अधिकारी अजय कुमार चौधरी, सहायक अभियंता रेवत सिंह रावत, बाल विकास परियोजना अधिकारी देवेश्वरी कुंवर, नगर पालिका के सफाई निरीक्षक शिवराज सिंह, डीपीएम एनएचएम हिमांशु नौडियाल, डीसी आईईसी हरेंद्र सिंह नेगी, आरकेएसके काउंसलर विपिन सेमवाल, डीईओ प्रतिरक्षण यशवंत राणा, डीपीएम पंचायतीराज मनमोहन रौतेला, आरबीएसके मैनेजर सुमन जुगराण, डीसीएम आशा हेमलता गैरोला सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।