नई दिल्ली। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर सोमवार को दिल्ली में सियासी सरगर्मी तेज हो गई है। INDIA ब्लॉक के प्रस्तावित विरोध मार्च को देखते हुए राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। राहुल गांधी के नेतृत्व में विपक्षी दलों के नेता सुप्रीम कोर्ट तक मार्च निकालने की तैयारी में हैं। हालांकि, मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने INDIA ब्लॉक के सांसदों के आवेदन को अस्वीकार कर दिया है। सूत्रों के मुताबिक, विपक्ष जिन मुद्दों को उठाना चाहता है, वे पहले से ही सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन हैं। इसके बावजूद कांग्रेस ने लोगों से मार्च में शामिल होने की अपील की है। प्रस्तावित मार्च को देखते हुए दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (डीएमआरसी) ने सोमवार सुबह छह बजे से शाम चार बजे तक छह मेट्रो स्टेशनों के प्रवेश और निकास द्वार बंद कर दिए हैं। इनमें पटेल चौक, जनपथ, राजीव चौक, मंडी हाउस, केंद्रीय सचिवालय और बाराखंभा रोड मेट्रो स्टेशन शामिल हैं। कनॉट प्लेस और आसपास के इलाकों में बैरिकेडिंग की गई है। बाराखंभा रोड और मंडी हाउस के पास दिल्ली पुलिस के साथ रैपिड एक्शन फोर्स (आरएएफ) और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के जवान तैनात किए गए हैं। मार्च में पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव समेत कई विपक्षी नेताओं के शामिल होने की संभावना है। तृणमूल कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, वाम दलों, राष्ट्रीय जनता दल, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार), नेशनल कॉन्फ्रेंस और अन्य विपक्षी दलों के प्रतिनिधियों के भी मार्च में हिस्सा लेने की उम्मीद है। हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री भूपिंदर सिंह हुड्डा समेत हरियाणा कांग्रेस के कई नेता दिल्ली पहुंच चुके हैं। हुड्डा ने कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा होने तक विरोध जारी रहेगा। उन्होंने दावा किया कि कई मामले सामने आने के बाद उनकी पोल खुल चुकी है और प्रदर्शनकारी पीछे हटने वाले नहीं हैं। हिमाचल प्रदेश कांग्रेस के कार्यकर्ता भी INDIA ब्लॉक के मार्च से पहले हिमाचल भवन में जुटने लगे हैं। वहीं, दिल्ली स्थित कांग्रेस मुख्यालय में प्रदर्शन की तैयारियां जारी हैं। यहां टेंट लगाने के साथ तिरपाल और पंखों की व्यवस्था की गई है। विपक्षी दलों का यह प्रदर्शन चुनाव प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं और मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग को लेकर किया जा रहा है।
जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के लिए तारीख मांगने पहुंचेगी CJP
उधर, कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) ने भी दिल्ली पुलिस के खिलाफ आंदोलन तेज करने के संकेत दिए हैं। पार्टी के सह-संयोजक आशुतोष रांका ने रविवार को घोषणा की थी कि वह और पार्टी के अन्य नेता सोमवार सुबह संसद मार्ग पुलिस स्टेशन जाकर जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन के लिए तारीख देने की मांग करेंगे। पार्टी ने चेतावनी दी है कि यदि पुलिस प्रदर्शन की तारीख नहीं देती है तो वह दोबारा आंदोलन का आह्वान करेगी।
केजरीवाल समेत आप नेताओं पर एफआईआर
इस बीच, दिल्ली पुलिस ने गुरुद्वारा बंगला साहिब में शनिवार को हुए घटनाक्रम को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल समेत आम आदमी पार्टी के नेताओं और विधायकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। यह कार्रवाई दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की शिकायत पर की गई है। कमेटी ने आरोप लगाया है कि गुरुद्वारा परिसर में नारेबाजी कर माहौल बिगाड़ने की कोशिश की गई और बाद में भ्रामक वीडियो तथा सोशल मीडिया पोस्ट प्रसारित किए गए। कमेटी के अध्यक्ष सरदार हरमीत सिंह कालका और महासचिव सरदार जगदीप सिंह काहलों ने आरोप लगाया कि कुछ लोग बैनर और नारे लिखी तख्तियां लेकर गुरुद्वारे पहुंचे थे। उन्होंने दावा किया कि घटनाक्रम के बाद सोशल मीडिया पर गलत नैरेटिव फैलाकर गुरुद्वारा साहिब को राजनीतिक विवाद में घसीटने का प्रयास किया गया। कमेटी ने पुलिस से दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस के अनुसार, मामले की जांच के तहत सौंपे गए वीडियो फुटेज की पड़ताल की जा रही है।

